होटल राजमहल पैलेस का अस्थाई तौर पर गेट खुला

rajmahal hotal jaipur karni sena cm rajeसरकार और पूर्व राजपरिवार के बीच सुलह के आसार
जयपुर। होटल राजमहल पैलेस के गेट पर लगी सील रविवार को सुबह जेडीए ने अस्थाई तौर पर खौल दी। यह सील गेट विवाद को सुलझाने के लिए बनी पांच सदस्यीय कमेटी की रिपोर्ट के बाद खोली गई है।
इस पूरे प्रकरण में भाजपा हाईकमान की दखल के बाद गेट विवाद को सुलझाने के लिए उद्योग मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर, स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र राठौड़, नगरी विकास मंत्री राजपाल सिंह शेखावत, विधानसभा उपाध्यक्ष राव राजेंद्र सिंह और प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी समेत पांच सदस्यों की एक समिति बनाई गई थी। समिति ने अपनी रिपोर्ट शनिवार शाम को सरकार को सौंपी।
इसी रिपोर्ट के आधार सरकार ने अस्थाई तौर पर गेट खोलने का फैसला किया। बताया जा रहा है कि यह गेट वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था होने तक खोला गया है।
गौरतलब है कि होटल राजमहल पैलेस और इससे जुड़ी जमीन पर जेडीए ने 24 अगस्त को कार्रवाई करते हुए होटल का मुख्य गेट सील कर दिया था। जेडीए आयुक्त शिखर अग्रवाल ने तब कहा था कि गेट की सील नहीं खुलेगी। इसके बाद पूर्व राजपरिवार के समर्थन में जयपुर के विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठन ने रैली निकालकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया था। नगरीय विकास मंत्री राजपालसिंह शेखावत ने जेडीए की कार्रवाई को उचित ठहराते हुए गेट नहीं खोलने की बात कही थी। जेडीए की कार्रवाई से खफा भाजपा विधायक दीयाकुमारी ने गृह मंत्री राजनाथसिंह से मुलाकात कर अपना पक्ष रखा। इसके बाद पार्टी का राष्ट्रीय नेतृत्व हरकत में आया और राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री सौदानसिंह को पूरे मामले को सुलझाने के लिए जयपुर भेजा। सिंह ने विधायक दीयाकुमारी, मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी से अलग अलग मुलाकात कर पूर्व राजपरिवार और सरकार के बीच गतिरोध को समाप्त करने में अहम भूमिका निभाई। पूर्व राजमाता पद्मिनी देवी ने शनिवार को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से मुलाकात कर सरकार और राजे के प्रति विश्वास जताया था। इसके बाद ही माना जा रहा था कि सरकार इस पूरे मामले में बैकफुट पर आ जाएगी।

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Connect with Facebook

*